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Hindi News - Jansatta

विन्देश्वर पाठक ने गांधीवादी मूल्यों का जिक्र करते हुए कहा कि समाज में सभी की जनभागीदारी से ही इस समस्या से निजात पाया जा सकता है।

December 15, 2017

मुख्य अतिथि केंद्रीय कृषि एवं किसान कल्याण राज्य मंत्री कृष्णा राज ने प्रदूषण के कारणों और समाधानों पर विचार करते हुए भारतीय परम्पराओं से विमुखता को मुख्य कारण बताया ।

इन्स्टीट्यूट ऑफ इनवॉयरमेंट एंड जिओ-इन्फॉर्मेटिक्स (आईईजी), कैरियर प्लस एजुकेशन सोसाइटी, सीसीबीओएस और गांधी स्मृति एवं दर्शन समिति के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित पर्यावरण संरक्षण: उपलब्धियां, चुनौतियां एवं संभावनाएं और गाँधीवादी विचारों की प्रासंगिकता विषय पर दो दिवसीय राष्ट्रीय संगोष्ठी का आयोजन 14 और 15 दिसम्बर को नई दिल्ली के कन्स्टीट्यूशन क्लब में किया गया। कार्यक्रम में बतौर मुख्य अतिथि केंद्रीय कृषि एवं किसान कल्याण राज्य मंत्री कृष्णा राज ने प्रदूषण के कारणों और समाधानों पर विचार करते हुए भारतीय परम्पराओं से विमुखता को मुख्य कारण बताया और कहा कि भारतीय वैदिक परम्पराओं, ज्ञान-विज्ञान और आत्मसंयम के सहारे ही हम भौतिकवादी युग में इस समस्या पर काबू पा सकते हैं।

कार्यक्रम में विशिष्ठ अतिथि और राष्ट्रीय सफाई कर्मचारी आयोग के अध्यक्ष मनहर वलजी भाई झाला ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के स्वच्छ भारत अभियान की सराहना करते हुए कहा कि बिना आस-पड़ोस की सफाई के पर्यावरण संरक्षण संभव नहीं है। उन्होंने महात्मा गांधी को ऋषि तुल्य बताया एवं पीएम मोदी को उनका सच्चा अनुयायी बताया। सुलभ इंटरनेशनल के संस्थापक डॉ. विन्देश्वर पाठक ने गांधीवादी मूल्यों का जिक्र करते हुए कहा कि समाज में सभी की जनभागीदारी से ही इस समस्या से निजात पाया जा सकता है। गांधी जी के विचारों पर चलने की सलाह देते हुए सुलभ इंटरनेश्नल के कार्यों पर हल्का प्रकाश डाला।

कार्यक्रम में पत्रिका का विमोचन करते अतिथिगण।

शिक्षा संस्कृति उत्थान न्यास के राष्ट्रीय सचिव अतुल कोठारी ने कहा कि अध्यात्म ही इस संकट से छुटकारा दिला सकता है। उन्होंने लोगों से 19 बिंदुओं को अपने जीवन में अपनाने का आह्वान किया। आध्यात्मिकता और धर्म में अंतर बताते हुए उन्होंने कहा कि निस्वार्थ भाव से किसी भी कार्य को किया जाना ही आध्यात्मिकता है। राष्ट्रीय अनुचुचित जाति आयोग की सदस्य स्वराज विद्वान ने प्रदूषण के समाधान के लिए संस्था की कोशिशों की तारीफ की साथ ही सुलभ इंटरनेश्नल द्वारा किए जा रहे कार्यों को अनुकरणीय बताया। आयोजन में चार-चांद लगाते हुए ओजस्वी कवि गजेन्द्र सोलंकी ने पर्यावरण पर अपनी ओजपूर्ण कविता का पाठ किया।

सुलभ इंटरनेशनल के संस्थापक डॉ. बिन्देश्वर पाठक को सम्मानित करती केंद्रीय कृषि राज्य मंत्री कृष्णा राज एवं अन्य अतिथि।

कार्यक्रम की शुरुआत सभी अतिथियों ने सामूहिक तौर पर दीप प्रज्ज्वलन कर की। इसके बाद आचार्य शैलेश ने मंत्रोच्चार और शंखनाद कर गोष्ठी की औपचारिक शुरुआत की। इस दौरान दर्जनभर पर्यावरणविदों का सम्मान और मिशन सफाई पत्रिका का विमोचन भी किया गया। कार्यक्रम को कन्फेडरेशन ऑफ कम्यूनिटी बेस्ड ऑर्गनाइजेशन ऑफ इंडिया के अध्यक्ष डॉ. उमेश चंद्र गौड़, पर्यावरणविद अरुण तिवारी, कमांडर वीरेंद्र जेटली समेत कई लोगों ने संबोधित किया। कार्यक्रम का संचालन डॉ. प्रमोद ने किया जबकि धन्यवाद ज्ञापन अनुज अग्रवाल ने किया।

Source : https://www.jansatta.com/rajya/new-delhi/environment-conservation-pollution-indian-culture-solution/519479/